
प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना (PM Surya Ghar Muft Bijli Yojana) के तहत, यदि आपने पहले से ही अपने घर में सोलर पैनल स्थापित करवा रखा है, तो भी आप इस योजना का लाभ उठा सकते हैं। हालांकि, इसके लिए कुछ महत्वपूर्ण शर्तें पूरी करनी आवश्यक हैं।
मान्यता प्राप्त वेंडर से स्थापना
सबसे पहले, यह सुनिश्चित करना आवश्यक है कि आपके सोलर पैनल सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त वेंडर या एजेंसी से ही स्थापित किए गए हों। यदि आपने किसी अन्य स्रोत से सोलर पैनल लगवाए हैं, तो आपको इस योजना के तहत सब्सिडी प्राप्त करने में कठिनाई हो सकती है। सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त वेंडर से स्थापना सुनिश्चित करने के लिए, आप आधिकारिक वेबसाइट pmsuryaghar.gov.in पर उपलब्ध वेंडर सूची की जांच कर सकते हैं।
आवेदन प्रक्रिया
यदि आपके सोलर पैनल मान्यता प्राप्त वेंडर से स्थापित हैं, तो आप निम्नलिखित प्रक्रिया का पालन करके सब्सिडी के लिए आवेदन कर सकते हैं:
- पंजीकरण करें: आधिकारिक पोर्टल पर जाकर अपने राज्य, विद्युत वितरण कंपनी, उपभोक्ता संख्या, मोबाइल नंबर और ईमेल के साथ पंजीकरण करें।
- आवेदन करें: पंजीकरण के बाद, लॉगिन करके रूफटॉप सोलर के लिए आवेदन पत्र भरें।
- स्वीकृति की प्रतीक्षा करें: आपके आवेदन की समीक्षा के बाद, आपकी विद्युत वितरण कंपनी (DISCOM) से स्वीकृति प्राप्त होगी।
- निरीक्षण और सत्यापन: स्वीकृति के बाद, DISCOM के अधिकारी आपके सोलर पैनल की जांच और सत्यापन करेंगे।
- सब्सिडी प्राप्ति: सफल सत्यापन के बाद, आपकी सब्सिडी राशि सीधे आपके बैंक खाते में जमा की जाएगी।
सब्सिडी की राशि
सरकार द्वारा प्रदान की जाने वाली सब्सिडी की राशि सोलर पैनल की क्षमता के अनुसार होती है:
- 2 किलोवाट तक: ₹30,000 प्रति किलोवाट के हिसाब से सब्सिडी।
- 3 किलोवाट तक: ₹48,000 प्रति किलोवाट के हिसाब से सब्सिडी।
- 3 किलोवाट से अधिक: अधिकतम ₹78,000 तक की सब्सिडी।
अतिरिक्त लाभ
इस योजना के तहत, सोलर पैनल स्थापित करने से आपको 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली मिलती है। इसके अलावा, यदि आप अधिक बिजली उत्पन्न करते हैं, तो आप उसे ग्रिड को बेचकर अतिरिक्त आय भी अर्जित कर सकते हैं।