
स्टर्लिंग एंड विल्सन रिन्यूएबल एनर्जी (Sterling and Wilson Renewable Energy) को हाल ही में 1,470 करोड़ रुपये के तीन बड़े सौर और हाइब्रिड प्रोजेक्ट्स का ऑर्डर मिला है, जिससे कंपनी के कारोबार को नया बल मिला है। इन नए प्रोजेक्ट्स की घोषणा के बाद कंपनी के शेयरों में ज़ोरदार उछाल देखा गया, और शेयर की कीमत 6% से अधिक की वृद्धि के साथ 266.40 रुपये पर पहुंच गई।
यह खबर कंपनी और उसके निवेशकों के लिए सकारात्मक संकेत है, विशेष रूप से तब जब हाल के महीनों में स्टॉक ने निराशाजनक प्रदर्शन किया है। इस बड़े ऑर्डर से न सिर्फ कंपनी की राजस्व क्षमता में इजाफा होगा, बल्कि बाजार में उसकी स्थिति भी मजबूत होगी।
1,470 करोड़ रुपये के सौर और हाइब्रिड प्रोजेक्ट्स का मिला ऑर्डर
स्टर्लिंग एंड विल्सन रिन्यूएबल एनर्जी को मिले इन तीन प्रोजेक्ट्स में सोलर (Solar) और हाइब्रिड एनर्जी (Hybrid Energy) से जुड़े कार्य शामिल हैं। भारत सरकार और निजी क्षेत्रों में Renewable Energy की मांग तेजी से बढ़ रही है, और कंपनी को यह ऑर्डर मिलना इस क्षेत्र में उसके भरोसेमंद नाम और तकनीकी कौशल को दर्शाता है।
कंपनी ने बताया कि ये प्रोजेक्ट्स विभिन्न चरणों में क्रियान्वयन के लिए तैयार हैं, और इन्हें समयबद्ध रूप से पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इससे न सिर्फ राजस्व में तेजी आएगी, बल्कि कंपनी के पोर्टफोलियो में विविधता भी बढ़ेगी।
शेयरों में 6% से अधिक की वृद्धि, कीमत पहुंची ₹266.40
बाजार में इस खबर का सकारात्मक प्रभाव देखने को मिला और स्टर्लिंग एंड विल्सन के शेयरों में लगभग 6% की तेज़ी दर्ज की गई। शेयर की कीमत 266.40 रुपये पर पहुंच गई, जो हाल के दिनों में एक महत्वपूर्ण सुधार मानी जा रही है।
निवेशकों में नए ऑर्डर्स को लेकर विश्वास बढ़ा है, क्योंकि यह कंपनी के लिए दीर्घकालिक स्थिरता का संकेत है। हालाँकि, यह भी ध्यान देने योग्य है कि इस बढ़त के बावजूद शेयर अब भी अपने पहले के उच्चतम स्तरों से काफी नीचे है।
ब्रोकरेज फर्म नुवामा का अनुमान: शेयर ₹470 तक जा सकता है
ब्रोकरेज फर्म नुवामा इंस्टीट्यूशनल ने स्टर्लिंग एंड विल्सन के शेयर पर ‘खरीदें’ (Buy) की सिफारिश दी है और 470 रुपये का लक्ष्य मूल्य निर्धारित किया है। यह मौजूदा स्तर से लगभग 75% की संभावित वृद्धि को दर्शाता है।
नुवामा का मानना है कि Renewable Energy सेक्टर में कंपनी की पकड़ और नए प्रोजेक्ट्स की संभावनाएं इसे दीर्घकालिक निवेश के लिए एक मजबूत विकल्प बनाती हैं। अगर कंपनी अपने प्रोजेक्ट्स को समय पर पूरा करती है और परिचालन प्रदर्शन में सुधार लाती है, तो इसका सीधा असर शेयर की कीमत पर पड़ेगा।
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हाल की गिरावट अब भी चिंता का विषय
हालाँकि हालिया तेजी उत्साहजनक है, लेकिन यह भूलना नहीं चाहिए कि पिछले छह महीनों में स्टर्लिंग एंड विल्सन के शेयरों में 55% से अधिक की गिरावट देखी गई है। वहीं, चालू वर्ष की शुरुआत से अब तक इसमें 43% से अधिक की गिरावट दर्ज की गई है।
इस गिरावट का मुख्य कारण कंपनी की वित्तीय चुनौतियां और बाजार में अनिश्चितता रही है। निवेशकों को चाहिए कि वे इस प्रकार की तेजी के बावजूद कंपनी के फंडामेंटल्स और बाजार के व्यापक रुझान को ध्यान में रखते हुए ही निवेश निर्णय लें।
निवेशकों के लिए क्या है अगला कदम?
स्टर्लिंग एंड विल्सन रिन्यूएबल एनर्जी में निवेश करने से पहले यह जरूरी है कि निवेशक कंपनी की मौजूदा वित्तीय स्थिति, ऑर्डर बुक, कैश फ्लो और कर्ज की स्थिति का विश्लेषण करें।
हालांकि, हालिया प्रोजेक्ट्स और ब्रोकरेज फर्म की रिपोर्ट से यह संकेत जरूर मिलते हैं कि कंपनी के पास रिकवरी की संभावनाएं हैं। अगर भविष्य में भी ऐसे प्रोजेक्ट्स मिलते रहते हैं, तो स्टॉक में लंबी अवधि के लिए बेहतर रिटर्न की उम्मीद की जा सकती है।